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शेक्सपियर के हेमलेट पर बैन की तैयारी: ब्रिटिश ओपन यूनिवर्सिटी का मामला, 3 उपन्यास पढ़ने से विद्यार्थियों में बढ़ रहा अवसाद-नस्लवाद

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लंदनएक घंटा पहले

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ब्रिटेन की ओपन यूनिवर्सिटी में अंग्रेजी साहित्य के कुछ कालजयी उपन्यास जल्द बैन हो सकते हैं। यूनिवर्सिटी की एक कमेटी ने पाया कि विलियम शेक्सपियर के हेमलेट, जोनाथन स्विफ्ट के गलीवर्स ट्रैवल्स और जेन ऑस्टेन के उपन्यास परसुएशन को पढ़ने से छात्रों में अवसाद, आत्महत्या की प्रवृत्ति, नस्लवाद और हिंसा की भावना पैदा होती है।

उपन्यासों की नकारात्मक बातों का विचारों पर गलत असर

कमेटी ने पाया कि इन तीनों उपन्यासों के 30 अध्याय में ऐसे नकारात्मक उदाहरण हैं, जिनसे विद्यार्थियों के विचारों पर गलत असर पड़ सकता है। ब्रिटेन में ओपन यूनिवर्सिटी में ग्रेजुएट और पोस्ट ग्रेजुएट स्तर के सबसे ज्यादा विद्याार्थी पढ़ते हैं। कमेटी के सुझाव के बाद अब इन तीनों उपन्यासों के पहले पेज पर चेतावनी भी प्रकाशित की जा रही है। आने वाले दिनों पर इन तीन उपन्यासों पर बैन भी लगाया जा सकता है।

शेक्सपीयर के एक और मशहूर उपन्यास जूलियस सीजर सहित अरेबियन नाइट्स और फ्रेंच उपन्यासकार मौलेर की कृतियों की प्रस्तावना में भी चेतावनी प्रकाशित की गई है। जेन ऑस्टेन के कालजयी उपन्यास प्राॅइड और प्रेज्युडाइस को प्रतिबंधों की श्रेणी में शामिल नहीं किया गया है। माना गया कि इस उपन्यास से विद्यार्थियों पर नकारात्मक असर नहीं पड़ता है।

विद्यार्थियों ने ही शिकायत दर्ज कराई

कमेटी का कहना है कि उन्होंने इन उपन्यासों को बैन करने की तैयारी खुद से नहीं की है। विद्यार्थियों की ओर से ही इस प्रकार की शिकायतें आई थीं। इसके बाद ही कमेटी की ओर से इन उपन्यासों के पहले पेज पर चेतावनी जारी की गई है।

बेहतरीन साहित्य पढ़ने से वंचित होंगे विद्यार्थी: आलोचक

इस निर्णय का कुछ आलोचकों ने विरोध कर इसे मूर्खता पूर्व कदम करार दिया है। उनका तर्क है कि ऐसा करने से दुनिया के कुछ बेहतरीन साहित्यिक खजाने को पढ़ने और उसे जीने से छात्र वंचित रह जाएंगे। इसका असर यूनिवर्सिटी के विद्यार्थियों पर विपरीत पड़ेगा।

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